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सतपुली के होली के हुल्यारों ने आसपास के क्षेत्रों में पारंपरिक खड़ी होली के गीतों से छठा बिखेरी

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सतपुली: नयारघाटी सतपुली की होली के हुल्यार टीम पौडी गढवाल के विभिन्न स्थानों में जाकर उत्तराखंड लोकसंस्कृति की विरासत खड़ी होली से सभी लोगो को परिचित करवा रहे है। इसी परिपेक्ष में रविवार को लैंसडौन बाजार में होली के हुल्यार ने गढ़वाली लोकसंस्कृति की पहचान पारंपरिक खड़ी होली के मधुर गीतों से छठा बिखेरी।

होली के पारंपरिक लोक गीत हरा फूलों से मथुरा, मत मारो मोहन लाल पिचकारी आदि गीतों को क्षेत्रीय जनता ने बहुत सराहा और हुल्यार का जोरदार स्वागत किया। होली के हुल्यार टीम सतपुली ने जयहरीखाल स्थित आशियाना बृद्ध आश्रम में बृद्ध जनों के साथ होली मनायी और बृद्ध जनों को फल व गुजिया मिठाई बांटकर होली के गीतों साथ होली मनायी।

हुल्यरो की टीम में प्रेम सिंह रावत, गुमान सिंह रावत, मुकेश चन्द, देवेन्द्र चौहान, सौरभ, डब्बल सिंह मियां, प्रेम सिंह, हरीश जेरवान, जैकी भाई,  मनीष खुगशाल स्वतन्त्र, उमंग मियां, दानिश, सतीश खुगशाल आदि थे।

सतपुली की खड़ी होली.

सतपुली की खड़ी होली. हरा फूलों से मथुरा छाई रहे… मत मारो मोहन लाला पिचकारी…

Posted by Devbhoomisamvad on Sunday, 8 March 2020