cbse borad exam pattern for 2022-23

CBSE Changed rules of Examination: केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने 10वीं, 12वीं बोर्ड परीक्षा के पैटर्न में बड़ा किया बदलाव किया है। CBSE फिर से अपने पुराने पैटर्न पर लौट आया है। जिसके अनुसार अब 10वीं एवं 12वीं की बोर्ड परीक्षा साल में एक बार ही होगी। बतादें कि बीते 2 सालों से 10वीं, 12वीं की परीक्षा 2 टर्मों में आयोजित की जाती रही है। सीबीएसई ने इसे बदलकर साल में एक बार परीक्षा कराने का प्रावधान कर दिया है। इसको लेकर बोर्ड ने नौवीं व दसवीं तथा 11वीं व 12वीं की परीक्षा प्रणाली में भी बदलाव किया है।

बोर्ड द्वारा और भी कई महत्वपूर्ण बदलाव किए गए हैं। नई शिक्षा नीति के तहत बदली गई परीक्षा प्रणाली में अब 10वीं में 40 प्रतिशत सवाल समझ पर आधारित होंगे। इससे बच्चों के रटने की प्रवृत्ति पर विराम लगेगा। इसमें घटना पर आधारित सवाल होंगे। इसके अलावा 20 प्रतिशत प्रश्न बहुविकल्पीय होंगे। 40 प्रतिशत सवाल लघु उत्तरीय होंगे।

इसी तरह बारहवीं की परीक्षा में आने वाले सवालों में जो बदलाव किए गए हैं। जिसके अनुसार अब परीक्षा में 50 फ़ीसदी प्रश्न लघु एवं दीर्घ उत्तरीय प्रकार के होंगे। वहीं 30 फ़ीसदी प्रश्न केस स्टडी एवं 20 फीसदी प्रश्न बहुविकल्पीय प्रकार के होंगे। बोर्ड ने यह बदलाव नई शिक्षा नीति के तहत किए हैं। जिसमें बोर्ड का मानना है कि छात्रों को अब रटने की जगह समझ पर छोड़ देना चाहिए। अब उन्हें समझकर पढ़ाई करनी होगी। तभी वे ऐसे सवालों के सही उत्तर दे पाएंगे। बोर्ड ने अपने आदेश में साफ कर दिया है कि हाईस्कूल व इंटर की आंतरिक परीक्षा प्रणाली में कोई बदलाव नहीं किया गया है। जिस तरह स्कूल पहले आंतरिक परीक्षा लेते थे, उसी तरह आगे भी लेते रहेंगे। बच्चों को इस बारे में जानकारी देने के लिए विद्यालयों को निर्देशित कर दिया गया है।

ऐसा होगा प्रश्न पत्र का प्रारूप

9वीं और 10वीं

कुल अंक: 100

  1. समझ आधारित प्रश्न: 40 प्रतिशत
  2. वस्तुनिष्ठ प्रश्न: 20 प्रतिशत
  3. लघु व दीर्घ उत्तरीय प्रश्न: 40 प्रतिशत

11वीं और 12वीं

कुल अंक: 100

  1. समझ आधारित : 30 प्रतिशत
  2. वस्तुनिष्ठ प्रश्न: 20 प्रतिशत|
  3. लघु व दीर्घ उत्तरीय प्रश्न: 50 प्रतिशत।

सीबीएसई द्वारा जारी नया नोटिफिकेशन