नई दिल्ली। 5 अप्रैल 2026 को डीपीएमआई सभागार, न्यू अशोक नगर, दिल्ली में उत्तराखण्ड लोक-भाषा साहित्य मंच, दिल्ली एवं साबली विकास समिति द्वारा गढ़वाली भाषा की सुप्रसिद्ध कवयित्री ममता रावत को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
ज्ञात हो कि ममता रावत का 25 मार्च 2026 को अनायास निधन हो गया था, जिससे साहित्य जगत में शोक की लहर दौड़ गई। उनका जन्म 13 जून 1990 को उत्तराखण्ड के बीरोंखाल ब्लॉक के अरकंडाई गांव में श्रीमती पीताम्बरी देवी एवं जगदीश सिंह रावत के घर हुआ था। वर्तमान में वह अपने पति अजय सिंह रावत और पुत्र आदित्य के साथ फरीदाबाद में रह रही थीं।
ममता रावत ने गढ़वाल विश्वविद्यालय से शिक्षा प्राप्त कर बीएड किया और सरस्वती शिशु मंदिर सहित कई विद्यालयों में शिक्षिका के रूप में कार्य किया। वह गढ़वाली भाषा की एक प्रतिभाशाली कवयित्री एवं गीतकार थीं, साथ ही मांगल गीतों के गायन में भी विशेष दक्षता रखती थीं।
विशेष बच्चों के साथ कार्य करने में उनकी अद्भुत क्षमता थी। वह बच्चों की विभिन्न मनोवृत्तियों को समझते हुए उन्हें मुख्यधारा से जोड़ने के लिए निरंतर प्रयासरत रहीं। शिक्षण को रोचक बनाने के लिए उन्होंने कहानी, संगीत और खेल जैसे माध्यमों का प्रभावी उपयोग किया, जिससे बच्चे सहजता से सीख सकें।
कार्यक्रम में मंच के संयोजक दिनेश ध्यानी ने कहा कि ममता रावत ने कम समय में साहित्य जगत में अपनी अलग पहचान बनाई थी। उनका असमय निधन भाषा, साहित्य और समाज के लिए अपूरणीय क्षति है।
इस अवसर पर सुप्रसिद्ध लोकगायक सर्वेश्वर बिष्ट ने भजन एवं गीतों के माध्यम से स्वरांजलि अर्पित की। कार्यक्रम में उपस्थित साहित्यकारों एवं समाजसेवियों ने भी अपने विचार व्यक्त करते हुए ममता रावत के साहित्यिक योगदान को स्मरण किया और उनकी रचनाओं को संकलित कर पुस्तक के रूप में प्रकाशित करने का सुझाव दिया। सभी साहित्यकारों व समाजसेवी लोगों ने ममता रावत को श्रद्धांजलि दी।
श्रद्धांजलि सभा में ममता रावत के परिजनों सहित साहित्यकार चन्दन प्रेमी, जयपाल सिंह रावत, दर्शन सिंह रावत, पूरणचन्द्र कांडपाल, भगवती प्रसाद जुयाल गढदेशी, बृजमोहन वेदवाल, दीनदयाल बन्दूणी दीन, जबर सिंह कैंतुरा, जगमोहन सिंह रावत जगमोरा, सुशील बुडाकोटी, दिनेश ध्यानी, रमेश हितैषी, सर्वेश्वर बिष्ट, वीरेंद्र जुयाल उपरि, दयाल नेगी, ओम ध्यानी, प्रदीप रावत खुदेड़, युगराज रावत, दीवान सिंह नेगी, सुरेश रावत, डाक्टर सतीश कालेश्वरी, अनिल कुमार पंत, प्रताप सिंह थलवाल, हेमलता जुयाल, दिग्पाल कैंतुरा, दीवान सिंह नेगी, युगराज रावत, सुंदरलाल आर्य, दिनेश रावत, दलबीर सिंह रावत, अनूप सिंह बिष्ट, दीपा रावत, रेखा रावत सहित कई लोग उपस्थित थे। अंत में दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की गई।



