जगमोहन डांगी
पौड़ी गढ़वाल: पौड़ी गढ़वाल के विकास खंड कोट/कल्जीखाल के प्रसिद्ध सिद्धपीठों में वसंतिया नवरात्रि का शुभारंभ भव्य रूप में संपन्न हुआ। आदि शक्ति सिद्धपीठ मां भुवनेश्वरी धाम में प्रथम नवरात्रि के पावन अवसर पर ब्रह्ममुहूर्त में विशेष पूजा-अर्चना के साथ धार्मिक अनुष्ठानों की शुरुआत की गई। मंदिर के मुख्य पुजारियों ने पारंपरिक वाद्य यंत्रों की मंगल ध्वनि के बीच गर्भगृह में प्रवेश कर विधि-विधान से मां भगवती का पूजन प्रारंभ किया। इसके पश्चात चंडी पाठ का शुभारंभ हुआ, जिससे पूरा क्षेत्र भक्तिमय ऊर्जा से आलोकित हो उठा।
मंदिर समिति के पदाधिकारियों द्वारा दीप प्रज्वलन के साथ सांस्कृतिक कार्यक्रमों का भी शुभारंभ किया गया। भजन प्रतियोगिता में आस्था मंडली जसकोट, नागराज मंडली रैदुल और विभिन्न महिला मंगल दलों ने अपनी सुरमयी प्रस्तुतियों से माहौल को भक्तिरस में सराबोर कर दिया। वहीं प्रवचन प्रतियोगिता में विद्यालय के छात्र आयुष्मान ने कालिमठ तथा हेमंत ने सिद्धबली विषय पर ओजस्वी विचार प्रस्तुत कर श्रोताओं को मंत्रमुग्ध कर दिया।
कार्यक्रम कासफल संचालन डॉ. नवीन ममगाईं द्वारा कुशलतापूर्वक किया गया। उन्होंने बताया कि यह धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजन श्रृंखला 25 मार्च तक निरंतर चलेगी।
मंदिर प्रबंधन समिति के अध्यक्ष दिगंबर जुयाल एवं सचिव सतीश जुयाल ने जानकारी दी कि प्रतिदिन यहां भक्ति, संस्कृति और सेवा का संगम देखने को मिलेगा। साथ ही श्रद्धालुओं के लिए नित्य भंडारे की व्यवस्था भी की गई है।
इस अवसर पर स्थानीय समिति के अध्यक्ष नवीन जुयाल, अनसूया प्रसाद सुन्दरियाल, दिनेश जुयाल, शिवप्रसाद जुगरान सहित अनेक गणमान्य अतिथि एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। प्रथम दिवस पर उमड़ी भीड़ ने पूरे क्षेत्र को भक्तिमय बना दिया, जहां “जय माता दी” के जयघोष गूंजते रहे।
प्रथम दिवस की पूजा मां भुवनेश्वरी के शैलपुत्री स्वरूप को समर्पित रही।
उधर, मां भुवनेश्वरी मंदिर संगुड़ा (बिलखेत) में भी भव्य शोभायात्रा निकाली गई, जो मां भुवनेश्वरी चौक से मंदिर तक पहुंची। मंदिर के मुख्य पुजारी नागेंद्र प्रसाद शैलवाल ने बताया कि पहले दिन भारी संख्या में श्रद्धालुओं ने दर्शन कर पूजा-अर्चना की और मां का आशीर्वाद प्राप्त किया।
मां भुवनेश्वरी मिशन के सचिव सोम नैथानी, कोषाध्यक्ष आलोक नैथानी, गेंद मेला समिति के अध्यक्ष सोहन सिंह नेगी, प्रेम सिंह नेगी, मनोज नैथानी, जोगेंद्र सिंह नेगी सहित कई गांवों की महिला मंगल दलों एवं कीर्तन मंडलियों ने भजनों के माध्यम से पूरे मंदिर परिसर को भक्तिमय बना दिया।



