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दिल्ली में फिर जघन्य हत्याकांड: दरिंदे प्रेमी ने प्रेमिका का गला घोंट कर हत्या के बाद लाश फ्रीज में छुपा दी, अरेस्ट के बाद हत्यारोपी ने पुलिस को बताया- घटना को कैसे अंजाम दिया

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lover hid the dead body in the freeze after strangulating the girlfriend

Delhi News: राजधानी दिल्ली में एक बार फिर प्रेमी ने प्रेमिका का बेरहमी से कत्ल कर दिया। कुछ महीनों पहले दिल्ली में  श्रद्धा मर्डर कांड को पूरा देश भुला भी नहीं पाया था। प्रेमी आफताब ने श्रद्धा के कई टुकड़े करके लाश फ्रीज में महीनों तक छुपाई रखी। अब दिल्ली में एक और दरिंदे ने अपनी प्रेमिका का गला घोंट कर लाश को फ्रीज में छुपा दिया था। मंगलवार यानी वैलेंटाइन डे के दिन हत्यारोपी युवक पकड़ा गया है।

प्रेमी साहिल गहलोत और प्रेमिका निक्की यादव के बीच कार में 9 फरवरी को झगड़ा हो गया था। बात इतनी बिगड़ गई की गुस्साए साहिल ने कश्मीरी गेट स्थित आईएसबीटी पर मोबाइल चार्जर की केबल (तार) से निक्की का गला घोंट दिया। इसके बाद 35 किमी दूर मित्रांव गांव पहुंचा। साहिल ने यहां अपने ढाबे के फ्रिज में निक्की का शव छिपा दिया। साहिल निक्की की लाश को ठिकाने लगा पाता इससे पहले ही किसी ने पुलिस को खबर कर दी। पुलिस ने 10 फरवरी को ही यहां से लाश बरामद कर ली।

क्राइम ब्रांच ने साहिल गहलोत को मंगलवार 14 फरवरी को अरेस्ट किया। इसके बाद उसे कोर्ट में पेश किया गया। कोर्ट ने उसे 5 दिन की रिमांड पर भेज दिया है। वहीं, निक्की का शव पोस्टमॉर्टम के लिए दीन दयाल उपाध्याय अस्पताल भेज दिया है। इस निर्मम हत्या कांड के बाद एक बार फिर पूरा देश सहम गया है। श्रद्धा मर्डर कांड के बाद देश में जैसे एक चलन चल गया है कि युवतियों की बेरहमी से हत्या करना और शव फ्रिज में रख देना। देश में यह निर्मम अपराध भयावह संदेश भी दे रहा है। एक बार फिर सोशल मीडिया पर इस जघन्य हत्याकांड की कड़ी आलोचना शुरू हो गई है। दिल्ली समेत पूरा देश एक बार फिर इस हत्याकांड को लेकर गुस्से में है। आइए जानते हैं पूरा घटनाक्रम।

बता दें कि दिल्ली के नजदीक नजफगढ़ के मित्रांव गांव के रहने वाले साहिल गहलोत की 2018 में हरियाणा के झज्जर से रहने वाली निक्की यादव से दोस्ती हुई थी। दोनों उत्तम नगर में कोचिंग करते थे। धीरे धीरे दोनों की दोस्ती प्यार में बदल गई। निक्की यहां मेडिकल की तैयारी कर रही थी। उसने उत्तम नगर के एक अन्य कोचिंग सेंटर में दाखिला लिया था। दोनों एक ही बस से कोचिंग आते-जाते थे। यहीं से इनकी दोस्ती और फिर प्यार की शुरुआत हुई। फरवरी 2018 में साहिल ने ग्रेटर नोएडा के एक कॉलेज में दाखिला लिया। बाद में निक्की भी एक कॉलेज से अंग्रेजी ऑनर्स करने लगी।

ग्रेटर नोएडा में दोनों किराए के एक घर में रहने लगे। पढ़ाई के दौरान दोनों मनाली, ऋषिकेश, हरिद्वार और देहरादून गए। कोरोना संकट की शुरुआत होने पर दोनों अपने घर लौट आए लेकिन कोविड संकट जब खत्म हुआ तो दोनों द्वारका में किराए के एक मकान में रहने लगे। निक्की के साथ लिव इन में रहते हुए भी साहिल ने अपने इस रिश्ते की जानकारी अपने परिवार को नहीं दी थी। दोनों लिव इन रिलेशन में रहने लगे। सब कुछ ठीक चल रहा था। लेकिन दिक्कत पिछले साल से शुरू हुई, जब साहिल के परिजन उस पर शादी का दबाव डालने लगे। साहिल परिजनों की मर्जी से शादी करने के लिए तैयार हो गया। इंगेजमेंट की तारीख 9 और शादी की तारीख 10 फरवरी तय की गई। 9 फरवरी को साहिल की इंगेजमेंट हुई। जैसे ही यह बात निक्की को पता चली, वह बिखर गई। इस बात को लेकर निक्की और साहिल को लेकर झगड़ा हुआ।

रिपोर्ट के मुताबिक साहिल ने निक्की को फोन कर कहा कि आओ घूमने चलते हैं। 9 फरवरी की रात साहिल निक्की के फ्लैट पर पहुंचा। यहां से उसने निक्की को अपनी कार में बैठाया। इसके बाद दोनों की कार में फिर से कहासुनी हुई। निक्की लगातार साहिल से दूसरी लड़की से शादी न करने की बात कह रही थी। वह साहिल को उसके साथ गोवा जाने के लिए भी मना रही थी। लेकिन साहिल ने उसके साथ जाने से इनकार कर दिया। इसके बाद दोनों का झगड़ा हुआ और साहिल ने कार के अंदर ही निक्की की हत्या करने का मन बना लिया। साहिल गहलोत ने कश्मीरी गेट आईएसबीटी के पास निक्की की हत्या कर दी। साहिल ने मोबाइल डेटा केबल से निक्की का गला घोंट दिया। इसके बाद वह निक्की के शव को बगल वाली सीट पर रखकर 40 किलोमीटर तक दिल्ली की सड़कों पर घुमाता रहा। इसके बाद वह शव को लेकर मित्राऊ गांव में अपने ढाबे पर पहुंचा। ढाबा काफी दिनों से बंद था। उसने इसी ढाबे में फ्रिज में निक्की का शव छिपा दिया। निक्की की हत्या के बाद साहिल ने दूसरी लड़की के साथ शादी कर ली।

उसे लगता था कि उसका राज नहीं खुलेगा। साहिल ने चार दिन तक निक्की के शव को फ्रिज में छिपाए रखा। उधर, जब तीन-चार दिन तक निक्की के परिजनों की उससे बात नहीं हुई, तो उन्होंने क्राइम ब्रांच में मौजूद अपने एक जानने वाले पुलिसकर्मी को इसकी जानकारी दी। जब निक्की का फोन सर्विलांस पर लगाया गया, तो ढाबे का लोकेशन मिला, इसके बाद पुलिस वहां पहुंची और शव को बरामद किया। हालांकि, पहले कहा जा रहा था कि पुलिस को सूचना मिली थी कि एक लड़की की हत्या कर शव को ढाबे के फ्रिज में रखा गया है। दिल्ली पुलिस ने हत्यारोपी साहिल को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस पूछताछ में हत्यारोपी ने अपना गुनाह कबूल कर लिया। पुलिस ने साहिल के खिलाफ धारा 302, 201 के तहत मामला दर्ज कर लिया है।

हार्दिक पंड्या ने उदयपुर में नताशा से क्रिश्चियन सेरेमनी में दोबारा शादी की, दोनों का बेटा भी मौजूद रहा, आज हिंदू रीति में लेंगे सात फेरे

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Hardik-Natasha-remarries

वैलेंटाइन डे के मौके पर राजस्थान की झीलों की नगरी उदयपुर में मंगलवार को टीम इंडिया के स्टार क्रिकेटर हार्दिक पंड्या ने नताशा स्टेनकोविक के साथ फिर से शादी कर ली है। उदयपुर में क्रिश्चियन सेरेमनी में दोबारा शादी की। कपल ने फैमिली और क्लोज फ्रेंड्स की मौजूदगी में ड्रीमी वेडिंग की है। दोनों की शादी उदयपुर में संपन्न हुई। इस मौके पर दोनों का 2 साल का बेटा भी मौजूद रहा। आज बुधवार को दोनों हिंदू धर्म के अनुसार शादी करेंगे।

बता दें कि हार्दिक-नताशा की शादी तीन साल पहले साल 2020 में हो चुकी है। कोरोना महामारी के चलते उनकी शाही शादी पर ब्रेक लग गया था। इसलिए हार्दिक-नताशा ने कोर्ट मैरिज के जरिए एक दूसरे को अपनाया। शादी में मेहमानों को निमंत्रण भी नहीं दिया जा सका था। हार्दिक पांड्या और नताशा स्टेनकोविक की शादी की तस्वीरें इंस्टाग्राम पर खूब धूम मचा रही हैं। हार्दिक पांड्या ने अपने इंस्टाग्राम पर शादी की तस्वीरें शेयर की हैं। हार्दिक पांड्या ने नताशा स्टेनकोविक के साथ अपनी शादी की तस्वीरों को इंस्टाग्राम पर शेयर करते हुए इसके कैप्शन में लिखा, ‘हमने तीन साल पहले जो प्रतिज्ञाएं लीं, उन्हें फिर से दोहराकर प्यार के इस द्वीप पर वेलेंटाइन डे सेलिब्रेट किया। हम भाग्यशाली हैं कि प्यार का जश्न मनाने के दौरान हमारा परिवार और हमारे दोस्ते साथ हैं।Hardik-Natasha-remarries

शादी की रस्में 13 फरवरी से शुरू हुई थीं, जो 16 फरवरी तक चलेंगी। शादी का थीम पूरी तरह व्हाइट रखा गया। दुल्हन के रूप में नताशा ने एक सफेद गाउन पहना। प्री वेडिंग फंक्शन जैसे मेंहदी, संगीत और हल्दी 13 फरवरी की शाम से ही शुरू हो गए थे। नताशा स्टेनकोविक का जन्म 4 मार्च 1992 को सर्बिया में हुआ था। नताशा का सर्बिया में अपने माता-पिता और भाई के साथ बचपन गुजरा। उन्होंने कुछ साल सर्बिया में माॅडलिंग की और फिर मुंबई शिफ्ट हो गई। उनकी बॉलीवुड में पहली फिल्म सत्याग्रह थी। इसके अलावा वो बिग बॉस 8 और नच बलिए 9 में बतौर कंटेस्टेंट नजर आईं। बादशाह के गाने डीजे वाले बाबू से उन्हें काफी ज्यादा पॉपुलैरिटी मिली थी।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, दोनों ने कोविड के समय चोरी-छिपे 31 मई, 2020 को बिना बताए शादी की थी। जुलाई 2020 में उनके घर बेटे अगस्त्या का जन्म हुआ। बच्चे के जन्म की सूचना खुद हार्दिक ने अपने सोशल मीडिया के जरिए दी थी। कानूनी तौर पर दोनों शादीशुदा हैं, लेकिन अब वो चाहते हैं कि धूमधाम से सभी दोस्तों और रिश्तेदारों की मौजूदगी में दोबारा शादी की जाए। हार्दिक और नताशा की मुलाकात मुंबई के क्लब में हुई थी। वहीं से दोनों के बीच दोस्ती हुई। आगे जाकर दोस्ती प्यार में तब्दील हो गई। जब हार्दिक करियर के बुरे फेज में चल रहे थे तब नताशा ने उनका काफी सपोर्ट किया था।

जनवरी 2020 में दुबई में दोनों ने एक दूसरे को रिंग पहनाई और ऑफिशियली इंगेज हुए थे। बता दें कि टीम इंडिया के स्टार ऑलराउंडर हार्दिक पांड्या इन दिनों ब्रेक पर चल रहे हैं। टीम इंडिया फिलहाल ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ अपने घर पर चार टेस्ट मैचों की बॉर्डर गावस्कर सीरीज खेलने में व्यस्त है। हार्दिक पांड्या भारतीय टेस्ट टीम का हिस्सा नहीं हैं, इसलिए वह इन दिनों ब्रेक पर हैं। भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच टेस्ट सीरीज के बाद 17 मार्च से तीन मैचों की वनडे सीरीज खेली जाएगी। हार्दिक पांड्या अब सीधे ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ इस तीन मैचों की वनडे सीरीज में ही खेलते नजर आएंगे।

अपनी शादी की 26वीं सालगिरह पर 21 गरीब कन्याओं की धूमधाम से शादी कर पेश की मिसाल, जगतगुरु शंकराचार्य ने दिया सभी नवयुगल को आशीर्वाद

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Mass marriage of 21 poor girls

Greater Noida News : जन्मदिन और शादी की वर्षगांठ को लोग अपने अपने तरीके से सेलिब्रेट करते हैं। आर्थिक स्थिति के हिसाब से लाखों रुपए खर्च करते हैं। ग्रेटर नोएडा शहर के रहने वाले समाजसेवी ओम प्रकाश अग्रवाल व पूनम अग्रवाल ने अपनी शादी की 26वीं वर्षगांठ को अलग अंदाज में मनाया। इस खास दिन को यादगार बनाने के लिए उनके द्वारा 21 गरीब कन्याओं की शादी धूमधाम के साथ संपन्न कराई गई।

अग्रवाल दंपति ने यह नेक काम कर एक मिसाल पेश की है। इसमें सामाजिक संगठनों का भी सहयोग रहा । सामूहिक विवाह के गवाह शहर के हजारों लोग बने। गरीब कन्याओं व वर को आशीर्वाद देने के लिए ज्योतिषपीठ बदरीनाथ धाम के शंकराचार्य सहित कई बड़े राजनीतिक व सामाजिक संगठन के लोग पहुंचे।

ओम प्रकाश अग्रवाल ने बताया कि गत वर्ष भी गरीब कन्याओं का विवाह कराया था। इस वर्ष लोगों के प्रोत्साहन से आयोजित किया गया। जगतगुरु शंकराचार्य स्वामी वासुदेवानंद सरस्वती ज्योतिषपीठ बदरीनाथ धाम ने गरीब कन्या व वर को आशीर्वाद देते हुए कहा कि 21 गरीब युवक- युवतियों का विवाह अग्रवाल समाज की तरफ से हो रहा है। सभी समृद्धि प्राप्त करें, हमारी तरफ से सभी को आशीर्वाद है। उन्होंने कहा कि इस कार्यक्रम से लोगों को शिक्षा लेना चाहिए कि हमारे समाज के जो गरीब बंधु हैं, उनकी कन्याओं का विवाह कर उनके जीवन में समृद्धि लाने का प्रयास करें।

सामूहिक विवाह का आयोजन पूरे विधिविधान से आयोजित किया गया, जिसमें बैंड बाजे के साथ बारात की चढ़त, स्वागत, व वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ विवाह कार्यक्रम सम्पन्न हुआ। इस दौरान कन्याओं की विदाई में उपयोग की सभी वस्तुओं दी गयी, जिसमें वह अपना जीवन निर्वाह कर सकते हैं।

कार्यक्रम का संचालन सत्तॆंद्र राघव ने किया. कार्यक्रम में भाजपा नेता नवीन कुमार, भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता गोपाल कृष्ण अग्रवाल, सतेंद्र राघव, समाजसेवी सरदार मंजीत सिंह, हरेंद्र भाटी, मुकुल गोयल मंजीत सिंह, मनोज गर्ग, सौरभ बंसल, जीपी गोस्वामी, मयंक अग्रवाल, भोपाल सिंह रावल, मनोज सिंघल, अनुज सिंघल, विनोद गुप्ता, सुरेश गुप्ता, कमल गुप्ता, मनोज गुप्ता, मोतीलाल गुप्ता, धनेश गर्ग, अंशु, अंकित मित्तल, कुलदीप शर्मा, रवि शर्मा, राहुल नंबरदार सहित शहर के सामाजिक संगठन के साथ उद्यमी व पुलिस प्रशासन के लोग मौजूद रहे।

सीएम धामी ने समझा पौड़ी का दर्द, पौड़ी के सर्वांगीण विकास के लिए विशेष कार्य योजना बनाये जाने के दिए निर्देश

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CM Dhami understood the pain of Pauri

Pauri News: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी द्वारा 12 एवं 13 फरवरी 2023 को गढ़वाल मण्डल मुख्यालय पौड़ी का दौरा किया गया। इस दौरान जहाँ एक और मुख्यमंत्री द्वारा अन्त्योदय निःशुल्क गैस रिफिल योजना का पूरे प्रदेश में एक साथ शुभारम्भ करने हेतु पौड़ी को चुना गया, वहीं दूसरी और करोड़ों की लागत के विभिन्न विभागीय योजनाओं का शुभारम्भ एवं लोकार्पण भी किया गया। मुख्यमंत्री द्वारा पौड़ी क्षेत्र के विकास के लिए कई घोषणा भी की गयी। साथ ही पौड़ी की निरन्तर हुई उपेक्षा के दर्द को गहराई से महसूस किया गया।

14 फरवरी को पौड़ी दौरे के अवसर पर वरिष्ठ अधिकारियों के साथ समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री द्वारा पौड़ी के ऐतिहासिक एवं पौराणिक महत्व के साथ-साथ प्राकृतिक सुन्दरता की ओर अधिकारियों का ध्यान आकर्षित किया और पौड़ी के सर्वागीण विकास के लिए विशेष कार्य योजना बनाये जाने के निर्देश दिये। साथ ही पौड़ी के गढ़वाल मण्डल मुख्यालय होने के बावजूद मण्डलीय स्तरीय कार्यालयों का मण्डल मुख्यालय से संचालित न होने का संज्ञान लेते हुए सचिव, मुख्यमंत्री/ जनपद के प्रभारी सचिव को निर्देशित किया है कि एक सप्ताह में अध्ययन करके यह रिपोर्ट प्रस्तुत करें कि कौन-कौन से ऐसे मण्डल स्तरीय कार्यालय है, जिनका कार्यालय भवन पौड़ी में स्थापित है या स्थापित होना चाहिए और उनका संचालन मण्डल कार्यालय से न होकर राजधानी देहरादून या अन्यत्र से हो रहा है।

उल्लेखनीय है कि ऐतिहासिक दृष्टि से प्रशासनिक रूप से पौड़ी का विशेष महत्व रहा है और इसी ऐतिहासिकता की दृष्टि से पौड़ी को गढ़वाल मण्डल का मण्डल मुख्यालय बनाया गया। समय के साथ पौड़ी से धीरे-धीरे मण्डल स्तरीय कार्यालयों का देहरादून या अन्यन्त्र स्थानों से संचालित होने की परम्परा शुरू हुई, जिससे पौड़ी मण्डल मुख्यालय का महत्व कम होने लगा।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने पौड़ी की इस पीड़ा को महसूस किया है और पौड़ी का भ्रमण खत्म होने के तत्काल बाद ही राजधानी देहरादून में वरिष्ठ अधिकारियों के साथ पौड़ी के विकास की कार्य-योजना के साथ-साथ पौड़ी की ऐतिहासिकता और गौरव को पुनः स्थापित किये जाने की आवश्यकता पर कार्यवाही करने के निर्देश दिये हैं। मुख्यमंत्री के इस प्रयास से उम्मीद की जानी चाहिए कि आने वाले वर्षों में पौड़ी अपने गौरव को पुनः प्राप्त कर सकेगा।

Young Scientist Award : गढ़वाल विश्वविद्यालय के शोध छात्र सुनील सिंह को मिला युवा वैज्ञानिक अवार्ड

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Young Scientist Award for research student Sunil Singh

Srinagar News: हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल केंद्रीय विश्वविद्यालय के भूगोल विभाग के शोधार्थी सुनील सिंह को उत्तराखंड स्टेट काउंसिल फॉर साइंस एंड टेक्नोलॉजी (यूकोस्ट) द्वारा आयोजित 17वें USSTC-2023 के लिए युवा साइंटिस्ट के अवार्ड से सम्मानित किया गया। सुनील गढ़वाल विश्वविद्यालय के भूगोल विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. महावीर सिंह नेगी के निर्देशन में सौर ऊर्जा विषय पर शोध कर रहे हैं।

सुनील ने अपने शोध में उत्तराखंड के अंतर्गत जनपद टिहरी गढ़वाल में SCDM दृष्टिकोण का उपयोग कर सौर ऊर्जा संयंत्रों की स्थापना के लिए भौगोलिक सूचना तंत्र आधारित उपयुक्तत स्थान संबंधित शोध पत्र प्रस्तुत किया। जिसके लिए उन्हें युवा वैज्ञानिक सम्मान से सम्मानित किया गया है। गढ़वाल विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. अन्नपूर्णा नौटियाल ने शोधछात्र सुनील सिंह को युवा साइंटिस्ट अवार्ड के लिए चयनित होने पर बधाई व शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि हमारे विश्वविद्यालय के शोध छात्र को उत्तराखंड स्टेट काउंसिल फॉर साइंस एंड टेक्नोलॉजी (यूकोस्ट) द्वारा यूएसएसटीसी 2023 के लिए यंग साइंटिस्ट अवार्ड मिलना भूगोल विभाग व विश्विद्यालय के लिए गर्व का विषय है।

इस मौके शोध छात्र सुनील सिंह का कहना है कि वे अपनी इस उपलब्धि पर गौरवान्वित महसूस कर रहे है वे इसका श्रेय अपने शिक्षक भूगोल विभाग के विभागध्यक्ष प्रो. महावीर सिंह नेगी को देना चाहते है। उनकी उपलब्धि गढ़वाल विश्वविद्यालय के अधिष्ठाता छात्र कल्याण एवं भूगोल विभाग के विभागाध्यक्ष प्रो. महावीर सिंह नेगी, मुख्य नियंता प्रो. बीपी नैथानी, प्रो एमएस पंवार, प्रो. अनिता रुडोला सहित शोधार्थियों और छात्र-छात्राओं ने खुशी जाहिर करते हुए सुनील को बधाई एवं शुभकामनाएं दी। शोध छात्र सुनली सिंह के पिछले दो वर्षो में सात महत्वपूर्ण शोध पत्र उच्च दर्जे की अंतराष्ट्रीय शोध पत्रिकाओं में प्रकाशित हो चुके हैं। स्नातकोत्तर स्तर पर भूगोल विषय में वह स्वर्ण पदक से भी सम्मानित हो चुके हैं।

ग्रुप एडमिन के खिलाफ FIR दर्ज: व्हाट्सएप ग्रुप पर राजनीति से जुड़ा वीडियो शेयर करने का मामला

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whatsapp group admin fir

Greater Noida News:  ग्रेटर नोएडा वेस्ट स्थित राधा स्काई गार्डन सोसायटी में व्हाट्सएप ग्रुप पर हुए विवाद में ग्रुप एडमिन के खिलाफ थाने में रिपोर्ट दर्ज करायी गयी है। आरोप है कि एक व्यक्ति ने राजनीति से जुड़ा वीडियो ग्रुप में डाल दिया। वीडियो का ग्रुप में कुछ लोगों ने विरोध किया गया। विरोध को देखते हुए ग्रुप एडमिन ने वीडियो पोस्ट करने वाले व्यक्ति को ग्रुप से रिमूव कर दिया। ग्रुप से बाहर होते ही व्यक्ति ने ग्रुप एडमिन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा दी गयी है। हालांकि पुलिस का कहना है कि रिपोर्ट दर्ज होने से पहले पीड़ित व आरोपी के बीच फोन पर भी कहासुनी हुई है।

राधा स्काई गार्डन सोसायटी में रहने वाले बबलू पंडित की शिकायत पर सोसायटी निवासी आशुतोष राज के खिलाफ बिसरख कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज की गयी है। रिपोर्ट में कहा है कि उनको सोसायटी के एसएसआर व्हाट्सएप ग्रुप से साजिश के तहत निकाला गया। वहीं इस मामले में व्हाट्सएप ग्रुप के एडमिन  आशुतोष राज का कहना है कि बबलू वाटसएप ग्रुप पर राजनीतिक पोस्ट कर रहे थे। उनको बार-बार कहा गया कि ग्रुप केवल सोसायटी की समस्या को प्रकाश में लाने के लिए है। कई बार कहने के बाद भी जब बबलू नहीं मानें तो उनको ग्रुप से रिमूव कर दिया गया है।

कोतवाली प्रभारी अनिल राजपूत ने बताया कि दोनों पक्षों के बीच फोन पर कहासुनी हुई। शिकायत के आधार पर मामला दर्ज किया गया है।

BBC के दिल्ली-मुंबई दफ्तरों पर IT की रेड: बीबीसी के दफ्तरों में आयकर विभाग के सर्वे ऑपरेशन पर कांग्रेस ने केंद्र पर साधा निशाना, भाजपा ने भी किया पलटवार

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Income tax raid on BBC Delhi-Mumbai offices

ब्रिटिश ब्रॉडकास्टिंग कॉरपोरेशन यानी बीबीसी दिल्ली और मुंबई दफ्तरों पर आज आयकर विभाग सर्वे कर रही है। बता दें कि यह आयकर विभाग की कार्रवाई ऐसे समय में हुई है जब पिछले दिनों केंद्र सरकार ने बीबीसी की डॉक्यूमेंट्री पर बैन लगा दिया था। आईटी अधिकारी बीबीसी के दिल्ली और मुंबई स्थित दफ्तर पर तलाशी ले रहे हैं।

दिल्ली के केजी मार्ग एरिया में एचटी टावर की पांचवीं और छठी मंजिल पर बीबीसी का ऑफिस है। यहां आयकर विभाग की टीम ने रेड की है। इधर, मुंबई के सांताक्रूज इलाके में बीबीसी स्टूडियोज पर भी इनकम टैक्स विभाग की टीम पहुंची है। आईटी अधिकारी कर चोरी की जांच के सिलसिले में तलाशी ले रहे हैं। अधिकारियों ने कहा कि कंपनी के बिजनेस ऑपरेशन्स से जुड़े कागजातों की जांच की जा रही है। आयकर टीम ने बीबीसी से आर्थिक लेन-देन से जुड़ी जानकारी मांगी है। इसके अलावा टीम कुछ लैपटॉप, मोबाइल और डेस्कटॉप का बैकअप ले रही है।

बीबीसी दफ्तर पर आयकर विभाग की तलाशी अभियान के बाद कांग्रेस और भाजपा नेताओं के बीच जुबानी जंग छिड़ गई है। कांग्रेस पार्टी ने अपने ऑफिशियल ट्विटर पर इस कार्रवाई को अघोषित आपातकाल बताया। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता जयराम रमेश ने कहा कि यहां हम अदाणी के मामले में जेपीसी की मांग कर रहे हैं और वहां सरकार बीबीसी के पीछे पड़ी हुई है। विनाशकाले विपरीत बुद्धि।

कांग्रेस के हमलों के बाद भाजपा सांसद राज्यवर्धन सिंह राठौर ने पलटवार किया है। राठौर ने कहा कि ऐसा लगता है अंग्रेजों ने 1947 में भारत छोड़ने के बाद बीबीसी के विघटनकारी एजेंडे को देश में आगे बढ़ाने का काम कांग्रेस को सौंप दिया था। खैर, आपातकाल और प्रेस की आजादी की बात करने वालों को आईना जरूर देखना चाहिए। वहीं भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता गौरव भाटिया ने प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए कहा कि किस तरह पत्रकारिता की आड़ में एक एजेंडा आगे बढ़ाया जाता है, वह मैं आपके सामने रखता हूं।

बीबीसी द्वारा एक प्रोग्राम- ‘द अनलीश्ड’ में प्रोग्राम के प्रेजेंटर ने कश्मीर में आतंकी कमांडर को करिश्माई युवा उग्रवादी बता दिया था। यह किस तरह की रिपोर्टिंग है! आप भारत में कार्य करना चाहते हैं और भारत की अखंडता को चोट पहुंचाने का प्रयास करते हैं। इसी तरह से पूरी दुनिया में भारत अपनी संस्कृति-विविधता के लिए जाना जाता है। यहां क्या त्योहार हैं, सबके क्या भाव हैं, वह बिना जाने बीबीसी ने कहा कि होली एक गंदा त्योहार है। इसके कई उदाहरण हैं कि बीबीसी की रिपोर्टिंग कितनी सतही और जहरीली है।

कांग्रेस ने जहां इसकी तुलना अघोषित आपातकाल से की है। तो वहीं, भाजपा ने कांग्रेस को आईना देखने की नसीहत दी है। कांग्रेस ने मंगलवार को कहा कि बीबीसी पर आईटी की छापामारी अघोषित आपातकाल है। वहीं दूसरी ओर बीबीसी के दफ्तरों में इनकम टैक्स के सर्वे को लेकर एडिटर्स गिल्ड ऑफ इंडिया ने चिंता जाहिर की है। एडिटर्स गिल्ड ऑफ इंडिया ने बयान जारी कर कहा कि दिल्ली और मुंबई में बीबीसी के कार्यालयों में आयकर विभाग की टीम के द्वारा सर्वे चलाया जा रहा है। ये तब हुआ है जब हाल ही में ब्रिटिश ब्रॉडकास्टिंग कॉरपोरेशन ने 2002 के गुजरात दंगों और वर्तमान में भारत में अल्पसंख्यकों के हालात पर 2 डॉक्यूमेंट्रीज रिलीज की हैं।

बता दें कि ब्रिटिश ब्रॉडकास्टिंग कॉर्पोरेशन (बीबीसी) वर्ल्ड सर्विस टेलीविजन ब्रिटिश सरकार की संस्था है। यह 40 भाषाओं में खबरें प्रसारित करता है। ब्रिटेन की संसद ग्रांट के जरिए इसकी फंडिंग करती है। इसका मैनेजमेंट फॉरेन एंड कॉमनवेल्थ ऑफिस के जरिए होता है। यह डिजिटल, कल्चर, मीडिया और स्पोर्ट्स विभाग के तहत काम करती है। बीबीसी को एक रॉयल चार्टर के तहत साल 1927 में शुरू किया गया था।

राज्य के पर्वतीय जनपदों में लोगों की आजीविका बढ़ाने के लिए सहकारिता के क्षेत्र में और प्रयासों की जरूरत :  मुख्यमंत्री धामी

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Uttarakhand News: राज्य के पर्वतीय जनपदों में लोगों की आजीविका बढ़ाने के लिए सहकारिता के क्षेत्र में और प्रयासों की जरूरत है। सरकार की विभिन्न योजनाओं का आम जन अधिक से अधिक फायदा ले सकें, इसके लिए ऐसी व्यवस्था की जाय कि एक जैसी प्रकृति की योजनाओं के तहत लोगों को संबंधित विभागों की योजना का लाभ उठाने के लिए मिश्रित लोन लेने की सुविधा मिल सके। सहकारी बैंकों द्वारा एनपीए को कम करने की दिशा में लगातार प्रयास किए जाएं। बैंकों को ऋण जमा अनुपात को बढ़ाने की दिशा में विशेषकर पर्वतीय क्षेत्रों में और प्रयासों की आवश्यकता है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सचिवालय में उत्तराखण्ड राज्य सहकारी बैंकों की बैठक के दौरान अधिकारियों को ये निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने कहा कि लोगों की आजीविका को बढ़ाने के लिए राज्य में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ाने की दिशा में विशेष ध्यान दिया जाए। कलस्टर आधारित अप्रोच पर अधिक ध्यान दिया जाए। पर्वतीय जनपदों में सहकारिता आधारित कार्यों को तेजी से बढ़ाने की आवश्यकता है। राज्य में मोटे अनाजों के उत्पादन को बढ़ावा देने के लिए प्रयास किए जाएं। इसके लिए लोगों को प्रोत्साहित किया जाय। आम जन को सरकारी योजनाओं का पूरा लाभ मिल सके, सहकारी बैंकों के माध्यम से  लोन की प्रक्रियाओं के सरलीकरण की दिशा में विशेष ध्यान दिया जाए। सरकार की विभिन्न जन कल्याणकारी योजनाओं की आम जन को गोष्ठियों एवं कैम्प के माध्यम से जानकारी दी जाय।

सहकारिता मंत्री डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि पिछले 5 सालों में राज्य के सहकारी बैंकों में एनपीए में तेजी से कमी की गई है। 5 साल पहले एनपीए लगभग 20 प्रतिशत था, जो अब घटकर 3.81 प्रतिशत है। सहकारी बैंकों के माध्यम से मोबाईल बैंकिंग की सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा में प्रयास किए जा रहे हैं। राज्य में सभी पैक्स का कंप्यूटराइजेशन का कार्य पूर्ण किया जा चुका है। सहकारी बैंकों में आईबीपीएस के माध्यम से भर्तियां की जा रही हैं।

बैठक में सचिव आर.मीनाक्षी सुंदरम, बीवीआरसी पुरुषोत्तम, अपर निबंधक सहकारिता श्रीमती ईरा उप्रेती, एमडी सहकारिता नीरज बेलवाल एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।

कानपुर देहात में प्रशासन द्वारा अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई के दौरान मां-बेटी की झोपड़ी में जिंदा जलकर मौत, एसडीएम, दरोगा, लेखपाल समेत कई पर केस दर्ज, जेसीबी चला रहा ड्राइवर गिरफ्तार

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Kanpur Dehat Incident

Kanpur demolition case : उत्तर प्रदेश के कानपुर देहात में अतिक्रमण विरोधी अभियान के दौरान एक हृदय विदारक घटना ने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया है। पुलिस प्रशासन की लापरवाही की वजह से एक मां बेटी की आग में जलकर मौत हो गई। ग्राम समाज की जमीन से कब्जा हटाने पहुंची पुलिस और प्रशासनिक अफसरों की टीम के सामने कब्जेदार की झोपड़ी में संदिग्ध हालत में आग लग गई। झोपड़ी को जलता देख मां-बेटी झोपड़ी में घुस गई। जिसमें मां बेटी की मौत हो गई है। दोनों को बचाने के प्रयास में गृहस्वामी व रुरा थाना प्रभारी झुलस गए।

बता दें कि घटना जिले के रूरा थाना इलाके के मड़ौली गांव की है। गांव में अवैध अतिक्रमण हटाने गए तहसील प्रशासन की कृष्ण गोपाल दीक्षित के परिजनों से नोकझोंक हो गई। झोपड़ी में जब कृष्ण गोपाल की पत्नी और बेटी उसके अंदर थीं, तभी प्रशासन ने बुलडोजर चलवा दिया। और जैसे ही बुलडोजर झोपड़ी को तहस-नहस करने लगा, वैसे ही वहां अचानक आग भड़क उठी। आग ने विकराल रूप ले लिया। इसमें कृष्ण गोपाल की पत्नी प्रमिला दीक्षित और उनकी 23 साल की बेटी नेहा दीक्षित की जिंदा जलकर मौत हो गई। धधकती आग को बुझाने में कृष्ण गोपाल बुरी तरह से झुलस गए।

मां-बेटी की मौत का मामला तूल पकड़ रहा है। घटना के सामने आने के बाद हड़कंप मच गया ,जिसके बाद प्रदेश सरकार में मंत्री प्रतिभा शुक्ला मृतक परिवार से मिलने के लिए पहुंची। सपा, कांग्रेस से लेकर सभी विपक्षी दल इस घटना के बाद सरकार को घेरने की तैयारी कर रहे हैं। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव शिवपाल सिंह यादव ने ट्वीट कर लिखा कि- कानपुर में अतिक्रमण हटाने पहुंचे प्रशासन के सामने ही मां-बेटी ने आग लगाकर जान दे दी और पुलिस तमाशा देखती रही। अतिक्रमण हटाने व बुलडोजर के जोश में प्रशासन आखिर अपना होश क्यों खो रहा है। क्या ‘महिला सशक्तिकरण’ व ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ की बात केवल कागजी नीति है।

वहीं कांग्रेस पार्टी ने इस घटना की निंदा करते हुए ट्वीट कर एक वीडियो जारी किया है। कांग्रेस पार्टी ने ट्वीट कर लिखा, कानपुर में अतिक्रमण हटाने पहुंची प्रशासन की टीम के सामने ही मां-बेटी ने आग लगाकर जान दे दी और पुलिस तमाशबीन बनी रही। अतिक्रमण हटाने का यह कौन-सा तरीका है कि लोग दुनिया से ही हट जाएं? बाबा! अपनी बुलडोजर नीति को अब भी सम्भालिए या इस खूबसूरत धरती को श्मसान बना कर ही मानेंगे?

इस घटना के बाद एसडीएम ज्ञानेश्वर प्रसाद और रूरा थाना प्रभारी दिनेश कुमार गौतम व लेखपाल अशोक सिंह के खिलाफ लोगों का गुस्सा फूट पड़ा है। इन लोगों को इस पूरी घटना का दोषी बताया जा रहा है। इन लोगों पर आरोप है कि कृष्ण गोपाल दीक्षित के परिवार को इन लोगों ने झोपड़ी में जबरन कैद किया और इसे आग के हवाले कर दिया। इस घटना के बाद मंडोली गांव में पुलिस और प्रशासन पर ग्रामीणों ने हमला कर दिया।

घटना की जानकारी मिलने के बाद कानपुर रेंज के आईजी, एडीजी और कमिश्नर मौके पर पहुंचे। परिवार वालों का आरोप है कि कानपुर देहात और नगर के अधिकारियों ने इस गांव को छावनी में तब्दील कर दिया है। कृष्ण कुमार दीक्षित का कहना है कि वह यहां काफी लंबे समय से रह रहे थे। परिवार के रिश्तेदारों ने पुलिस के साथ मिलकर हमारे खिलाफ यह अभियान किया है। इन लोगों ने अधिकारियों के साथ मिलकर झोपड़ी में आग लगवा दी, जिसमे मेरी पत्नी और बेटी की मौत हो गई।

कानपुर देहात पुलिस ने इस मामले में 13 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है । इस घटना में जिन अधिकारियों के खिलाफ केस दर्ज हुआ है, उनमें एसडीएम मैथा ज्ञानेश्वर प्रसाद, रूरा एसओ दिनेश कुमार गौतम, लेखपाल अशोक सिंह, जेसीबी ड्राइवर दीपक, मड़ौली गांव के निवासी अशोक, अनिल, निर्मल और विशाल हैं। 12 अज्ञात लोगों, तीन लेखपाल और 12 से 15 महिला और पुरुष पुलिसकर्मियों के खिलाफ भी केस दर्ज किया गया है।

जेसीबी चला रहा ड्राइवर गिरफ्तार

कानपुर देहात में अतिक्रमण हटाने का विरोध कर रहीं मां-बेटी ने अपने आपको आग लगा ली जिसके बाद उनकी मौत हो गई। यह घटना अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान हुई। मां-बेटी चिल्लाती रहीं कि हम जान दे देंगे पर प्रशासन ने एक नहीं सुनी। पुलिस ने इस पर एक्शन लेते हुए जेसीबी चला रहे ड्राइवर को अरेस्ट कर लिया है। साथ ही बाकी अधिकारियों पर भी कार्रवाई की है।