ग्रेटर नोएडा : कोरोना वायरस से निपटने में जुटे यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण के अधिकारी संस्थागत भूखंडों के आवंटन पर भी जोर दे रहे हैं, ताकि विकास को रफ्तार दी जा सके। शुक्रवार को प्राधिकरण के अधिकारियों ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से दो संस्थागत भूखंडों का आवंटन किया गया। उल्लेखनीय है कि यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण कार्यालय खुलने के बाद वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अब तक कई भूखंडों का आवंटन किया जा चुका है। इसके लिए प्राधिकरण सीईओ डा. अरुणवीर सिंह की अध्यक्षता में कमेटी गठित की गई है। सीईओ ने बताया कि संस्थागत भूखंडों के लिए पूर्व में आवेदन करने वाले चार आवेदकों का शुक्रवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से साक्षात्कार लिया गया। इस दौरान दो सफल आवेदकों मैसर्स स्लोप फाउंडेशन को नर्सरी स्कूल हेतु तथा मैसर्स लक्ष्य मेडी र्वल्ड प्राइवेट लिमिटेड को हॉस्पिटल हेतु भूमि का आवंटन किया गया। सीईओ ने बताया कि इससे प्राधिकरण क्षेत्र में 1139.59 लाख रूपये का निवेश आएगा तथा 196 लोगों का रोजगार का अवसर प्राप्त होगा।
गाँव लौटे प्रवासियों को क्वारंटाइन रखने की व्यवस्था में जुटे हैं ग्राम प्रधान व टीम
सतपुली : कोरोना महामारी के कारण देशभर में चल रहे लॉकडाउन के बीच बाहरी राज्यों से प्रवासियों का अपने गाँव में लौटने का सिलसिला लगातार जारी है। राज्य सरकार ने प्रवासियों को क्वारंटाइन में रखने की अंतिम जिम्मेदारी ग्राम प्रधान को दे रखी है। इसीक्रम में पौड़ी जनपद के विकासखंड पोखड़ा के ग्राम सेडियाधार में भी रोजगार के लिए गांव से बाहर गए बेरोजगार युवा अब लगातार अपने गांव को लौट रहे हैं।
सरकार के निर्देशानुसार जो भी लोग जनपद व राज्यों से बाहर से आएंगे उन सभी लोगों को 14 दिन के लिए गांव में संस्थागत या होम क्वारंटाइन किया जायेगा। ग्राम सेडियाधार के ग्राम प्रधान सुमन नौडियाल व टीम इन प्रवासियों के लिए लाइट, पानी व अन्य व्यवस्थाओं को जुटाने में लगी है। ग्राम सभा में अभी तक राजकीय प्राथमिक विद्यालय, कन्या उच्च्तर माध्यमिक विद्यालय सहित बंद पड़े दो घर खुलवाकर वहाँ रहने की व्यवस्था बनायी गयी है। अभी तक ग्राम सभा में कुल 32 लोगों को क्वारंटाइन किया जा चुका है।
ग्राम सभा में क्वारंटाइन की व्यवस्था बनाने में ग्राम प्रधान सुमन नौटियाल, पूर्व प्रधान मनोज नौटियाल, उप प्रधान अनूप सिंह बिष्ट, सहायक नोडल अधिकारी, पूनम रावत, ग्राम पंचायत विकास अधिकारी, मानवेंद्र चौहान, एएनएम सुभद्रा नेगी, आंगनवाडी कार्यकत्री धनेश्वरी देवी, आशा कार्यकत्री विमला देवी, प्रीतम सिंह तोमर आदि अपनी सेवाएं दे रहे हैं।
मनीष खुगशाल स्वतन्त्र
उत्तराखंड: अब ऑनलाइन होंगे चारधाम यात्रा के दर्शन, चारधाम देवस्थानम प्रबंधन बोर्ड की पहली बैठक में लिए गए कई फैसले
देहरादून: मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत की अध्यक्षता में शुक्रवार को मुख्यमंत्री आवास में उत्तराखण्ड चारधाम देवस्थानम प्रबन्धन बोर्ड की पहली बैठक आयोजित की गई। मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र ने कहा कि विश्वभर में उत्तराखण्ड आध्यात्म का केन्द्र है। उत्तराखण्ड के मन्दिरों की प्राचीन शैली इसकी विशिष्टता है। इसको बनाये रखने के लिए यह सुनिश्चित किया जाय कि मन्दिरों का प्राचीन स्वरूप बना रहे। जो लोग मन्दिरों के ऑनलाईन दर्शन करना चाहते हैं, उन्हें गर्भगृह को छोङकर बाकी मन्दिर परिसर के ऑनलाईन दर्शन एवं ऑडियो के माध्यम से पूजा-अर्चना करने की सुविधा उपलब्ध कराई जाए। साथ ही इसमें धार्मिक मान्यताओं का भी पूरा ध्यान रखा जाय। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड चारधाम देवस्थाम प्रबन्धन बोर्ड में सबके हक-हकूकों का ध्यान रखा जायेगा। बैठक में मन्दिरों एवं उनसे जुड़ी प्रमुख पाण्डुलिपियों एवं अन्य ऐतिहासिक महत्व के सामग्री संग्रहण के लिए संग्रहालय बनाने की बैठक में चर्चा की गई है।
बोर्ड की इस पहली बैठक में निर्णय लिया गया कि राज्य सरकार द्वारा धार्मिक यात्रा के समुचित संचालन के लिए अन्तर्विभागीय समन्वय हेतु मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय समिति का गठन किया जायेगा। उत्तराखण्ड चारधाम देवस्थानम प्रबन्धन बोर्ड का अलग लोगो बनाया जायेगा। मन्दिरों की सम्पति, निधि, बहुमूल्य वस्तुओं को बोर्ड के प्रबंधन में अन्तरित करने हेतु मुख्य कार्यकारी अधिकारी को अधिकृत किया गया है, इसके लिए कार्यवाही सबंधित जिलाधिकारियों द्वारा की जायेगी। उत्तराखण्ड चारधाम देवस्थानम प्रबन्धन बोर्ड का अलग बैंक एकाउण्ट होगा। इसके लिए बैठक में राज्य सरकार द्वारा 10 करोड़ रूपये की धनराशि की स्वीकृति दी गई है। बद्री-केदार मंदिर समिति की अवशेष धनराशि भी उत्तराखण्ड चारधाम देवस्थानम प्रबन्धन बोर्ड में ट्रांसफर की जायेगी। बद्री-केदार मंदिर समिति के कार्मिकों का समायोजन उत्तराखण्ड चारधाम देवस्थानम प्रबन्धन बोर्ड में की जायेगी। बोर्ड के लिए अपर मुख्य कार्यकारी अधिकारी की नियुक्ति की जायेगी एवं वित्त नियंत्रक का एक पद सृजित किया जायेगा। उत्तराखण्ड चारधाम देवस्थानम प्रबन्धन बोर्ड में विभिन्न न्यायिक मामलों के लिए ट्रिब्यूनल बनाई जायेगी। एनआईसी द्वारा बद्री-केदार मंदिर समिति के लिए बनाई गई वेबसाइट का अधिग्रहण कर इसका अपग्रेडेशन किया जायेगा। इस अवसर पर उत्तराखण्ड चारधाम देवस्थानम प्रबन्धन बोर्ड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी रविनाथ रमन ने कोविड-19 के दृष्टिगत बद्री-केदार मन्दिर समिति के कार्मिकों द्वार दिये गये एक दिन के वेतन का 05 लाख रूपये का चेक मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत को सौंपा।
उत्तराखण्ड चारधाम देवस्थानम प्रबन्धन बोर्ड के उपाध्यक्ष सतपाल महाराज ने मानव उत्थान सेवा समिति के माध्यम से भी बोर्ड को 05 लाख एक रूपये की धनराशि देने की घोषणा की। इस अवसर पर उन्होंने अपने महत्वपूर्ण सुझाव भी रखे। बैठक में विधायक बदरीनाथ महेन्द्र भट्ट, विधायक गंगोत्री गोपाल सिंह रावत, मुख्य सचिव उत्पल कुमार सिंह, सचिव पर्यटन एवं संस्कृति दिलीप जावलकर, सचिव वित्त श्रीमती सौजन्या, मुख्य कार्यकारी अधिकारी उत्तराखण्ड चारधाम देवस्थानम प्रबन्धन बोर्ड रविनाथ रमन उपस्थित थे।
उत्तराखंड: दिव्यांग धर्मपाल ने दिखाई युवाओं को स्वरोजगार की राह
सतपुली : विकासखंड पोखड़ा के अन्तर्गत ग्राम मेलगांव के दिव्यांग धर्मपाल सिंह नेगी ने अपनी दिव्यांगता को अपने हौसले के सामने विफल कर अपने गांव में ही स्वरोजगार अपनाकर फूलों व सब्जी की खेती को अपनी आय का जरिया बनाया। धर्मपाल सिंह नेगी पिछले 8 वर्षों से अपने गांव में ही सब्जी का उत्पादन कर रहे हैं। जिसे वो निकटतम पोखड़ा, सेडियाखाल व अन्य बाजारों में बेचकर अच्छी कमाई करते है और साथ में 8 अन्य लोगो को भी रोजगार देते हैं।
इस वर्ष धर्मपाल सिंह नेगी ने अपने खेतों में सजावट के लिए प्रयोग लाये जाने वाला ग्लेडियोलस फूल लगाया जो की इस समय तैयार है और इसका मूल्य लगभग एक लाख पचास हजार रुपये है। लेकिन कोरोना महामारी के कारण उनका फूल बिक नही पाया जिससे कि उन्हें इसका नुकसान उठाना पड़ा। सारे के सारे फूल खेत में ही सूखते जा रहे हैं। उनका कहना है कि कोरोना महामारी से हुए इस नुक्सान में सरकार उनकी मदद करे ताकि वे अगले वर्ष दुगनी मेहनत और जज्बे के साथ इन फूलों का उत्पादन करने के लिए प्रेरित हो सकें साथ ही क्षेत्र के युवाओं में भी स्वरोजगार के प्रति विश्वास पैदा हो सके।
जहाँ पहाड़ में युवा रोजगार की तलाश में है वहाँ धर्मपाल सिंह नेगी उनके लिए प्रेरणास्रोत है जो राह दिखा रहे है कि इस प्रकार से भी पहाड़ में स्वरोजगार अपनाकर अपनी आय को बढ़ा सकते है। धर्मपाल सिंह नेगी कहते है कि पहाड़ में स्वरोजगार अपनाकर हम अपने जीवन को सुरक्षित कर सकते है साथ ही अच्छी कमाई कर अपने परिवार के साथ और लोगों को भी रोजगार दे सकते है। युवाओं के लिए उनका कहना कि आज का युवा नई तकनीकि से साथ इस कार्य को और बेहतर तरीके से कर सकते हैं।
ग्लेडियोलस के फूलों को सारे विश्व के लोग बहुत पसंद करते हैं। यह एक सदाबाहार फूल का पौधा है जिसके पत्ते तलवार जैसे, फूल का बाहरी हिस्सा चिमनी के जैसे मुड़े हुए और शाखाएं चम्मच की तरह होती है। इसके फूल अक्तूबर-मार्च के महीने में खिलते हैं। इससे कई प्रकार के फूल बनते हैं जैसे गुलाबी से लाल, हल्के जामुनी से सफेद, सफेद से क्रीम और संतरी से लाल आदि। यह कई बीमारीयों जैसे ज़ुकाम, दस्त, फफूंद संक्रमण और गर्दन तोड़ बुखार आदि के इलाज के लिए प्रयोग किया जाता है।
मनीष खुगशाल स्वतन्त्र (सतपुली)
उत्तराखंड : प्रवासियों को बॉर्डर पर क्वारंटाइन करने को लेकर राज्य सरकार ने किए हाथ खड़े
देहरादून : प्रदेश में कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों के बावजूद भी बाहरी राज्यों के रेड जोन से आने वाले प्रवासियों को राज्य की सीमा पर ही क्वारंटाइन करने को लेकर प्रदेश सरकार ने हाथ खड़े कर दिए हैं। बतादें कि दो दिन पहले ही उत्तराखंड हाइकोर्ट ने प्रदेश में कोरोना संक्रमण के मामलों को गंभीरता से देखते हुए राज्य सरकार को आदेश दिया था कि जितना सम्भव हो पाए उत्तराखंड में बाहरी राज्यों के रेड ज़ोन से आने वाले प्रवासियों को राज्य की सीमा पर ही संस्थागत क्वारंटाइन किया जाए। साथ ही उनकी कोरोना जांच भी सुनिश्चित करवाई जाए।
बृहस्पतिवार को कैबिनेट की बैठक में इस मुद्दे पर करीब डेढ़ घंटे तक चर्चा के बाद शासकीय प्रवक्ता व कैबिनेट मंत्री मदन कौशिक ने बताया इसमें व्यावहारिक व तकनीकी दिक्कतों आ रही हैं। उन्होंने बताया कि बाहरी राज्यों से करीब 6 हजार लोग प्रतिदिन प्रदेश में वापस आ रहे हैं। इसी तरह 10 दिनों में करीब 60 हजार लोगों को राज्य की सीमाओं पर क्वारंटीन में रखने के लिए ठहरने और खाने की व्यवस्था करना सरकार के लिए बड़ी चुनौती होगी। इसके अलावा आईसीएमआर ने रैपिड टेस्ट से मना किया है जबकि अदालत उसे करने को कह रही है। उन्होंने कहा कि सरकार हाईकोर्ट के समक्ष प्रदेश की स्थिति और केंद्र सरकार की ओर से जारी किए जा रहे दिशा निर्देशों पर अपना पक्ष रखेगी।
उन्होंने बताया कि प्रदेश में कुल कोरोना संक्रमित मरीजों में से 32 प्रतिशत संक्रमित मामले मरकज से आए हुए तथा 56 प्रतिशत मामले बाहरी राज्यों से आये प्रवासियों के हैं। बतादें कि गढ़वाल व कुमाऊं मंडल में पिछले दो दिन में कोरोना के 34 नए मरीज सामने आयें हैं. इनमे लगभग सभी लोग बाहरी राज्यों से यहाँ पहुंचे हैं.
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कोरोना संकट: कुर्मांचल सांस्कृतिक एवं कल्याण परिषद ने मुख्यमंत्री राहत कोष तथा पीएम केयर फंड में दी सहायता राशि
गरुवार को मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत से कुर्मांचल सांस्कृतिक एवं कल्याण परिषद देहरादून के अध्यक्ष कमल रजवार ने परिषद के अन्य सदस्यों के साथ भेंट की। उन्होंने मुख्यमंत्री को कोविड-19 के दृष्टिगत 3 लाख 72 हजार की धनराशि का चेक सौंपा। इस धनराशि में मुख्यमंत्री राहत कोष हेतु 2 लाख 21 हजार तथा पीएम केयर फंड के लिए दी गई 1 लाख 51 हजार की धनराशि शामिल है। मुख्यमंत्री ने कुर्मांचल परिषद के सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि कोरोना संक्रमण की रोकथाम हेतु किए जा रहे प्रयासों में प्रदेशवासियों द्वारा यथासंभव सहयोग दिया जा रहा है, उन्होंने कहा कि सभी के सहयोग से हम इस वैश्विक महामारी को रोकने में अवश्य सफल होंगे।
परिषद के अध्यक्ष कमल रजवार ने मुख्यमंत्री को अवगत कराया कि परिषद के सदस्यों द्वारा इस विकट परिस्थिति में जरूरतमंदों को खाद्यान्न व मास्क आदि का वितरण के साथ ही प्रवासियों के घर वापसी में भी सहयोग किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कुर्मांचल समाज का हर सदस्य इस समस्या के समाधान में सहयोगी की भूमिका निभा रहा है। इस अवसर पर महासचिव चंद्रशेखर जोशी, पूर्व महासचिव गोविंद बल्लभ पांडे एवं शाखा सचिव डॉ अनिल कुमार मिश्रा आदि उपस्थित थें।
मुख्यमंत्री एवं आयुष मंत्री ने किया आयुष रक्षा किट के वितरण कार्यक्रम का शुभारंभ
देहरादून : मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत एवं आयुष मंत्री डॉ हरक सिंह रावत ने बृहस्पतिवार को सचिवालय में आयुष रक्षा कार्यक्रम के अंतर्गत आयुष रक्षा किट के वितरण कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
प्रथम चरण में आयुष रक्षा किट का वितरण सचिवालय, राजभवन, विधानसभा के अतिरिक्त आयुर्वेदिक चिकित्सालयों के माध्यम से राज्य के ऑरेंज जोन के जनपदों में सभी कोविड वॉरियर्स, हाई रिस्क व्यक्तियों सहित जन सामान्य में किया जाएगा। इस आयुष किट का निर्माण ऋषिकुल फार्मेसी, हरिद्वार द्वारा किया जा रहा है, जिस हेतु राज्य सरकार द्वारा ऋषिकुल फार्मेसी को 5 लाख किट के निर्माण के लिए लगभग 2 करोड़ रुपए का बजट आवंटित किया गया है। प्रत्येक किट में एक व्यक्ति के लिए 15 दिनों के लिए गिलोय, वासा, त्रिकूट, तुलसी व मुलेठी से निर्मित आयुष रक्षा क्वाथ, संशमनी वटी व अश्वगंधा वटी रखी गई है।
इस अवसर पर कृषि मंत्री सुबोध उनियाल, मुख्य सचिव उत्पल कुमार सिंह, सचिव अमित नेगी, अपर सचिव आयुष एवं आयुष शिक्षा आनंद स्वरूप, स्टेट लाइसेंसिंग अथॉरिटी (आयुर्वेद) डॉ वाईएस रावत, ऋषिकुल फार्मेसी अधीक्षक देवेंद्र सेमवाल, जिला आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी देहरादून सुरेश प्रसाद बडोनी, वरिष्ठ चिकित्सक जेएन नौटियाल आदि उपस्थित थे।
उत्तराखंड में आज फिर मिले 16 कोरोना पॉजिटिव, 146 हुई कोरोना मरीजों की संख्या
Coronavirus : उत्तराखंड में कोरोना के मरीजों की संख्या लगातार बढती जा रही है। गुरुवार को उत्तराखंड में 16 कोरोना संक्रमित मामले सामने आए है। जिसके बाद अब राज्य में कुल कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या 146 पहुँच गई है। हालाँकि इनमे से अब तक 54 मरीज ठीक हो चुके हैं।
स्वास्थ्य विभाग द्वारा गुरुवार रात जारी हेल्थ बुलेटिन में 14 लोग कोरोना पॉजिटिव पाए गए हैं। जबकि आज दोपहर को जारी हेल्थ बुलेटिन में 02 लोग कोरोना पॉजिटिव आये थे। इस तरह आज जिन 16 लोगों में कोरोना की पुष्टि हुई है। उनमे 04 मरीज बागेश्वर जिले से, 03 मरीज उत्तरकाशी जिले से, 03 नैनीताल, 02 उधमसिंह नगर, 02 हरिद्वार, 01 अल्मोड़ा और 01 देहरादून के रहने वाले हैं। इनमे से ज्यादातर लोग बाहरी राज्यों से यहाँ पहुंचे हैं। गढ़वाल व कुमाऊं मंडल में दो दिन में कोरोना के 34 नए मरीज मिलने से सरकार से लेकर शासन-प्रशासन व स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है।


पूर्व विधायक बृजमोहन कोटवाल के आकस्मिक निधन से क्षेत्र में शोक की लहर
पौड़ी गढ़वाल : पौड़ी गढ़वाल की श्रीनगर विधानसभा से विधायक रह चुके पूर्व विधायक व वरिष्ठ भाजपा नेता बृजमोहन कोटवाल का गुरुवार को आकस्मिक निधन हो गया है। 66 वर्षीय कोटवाल को आज सुबह पौड़ी के सर्किट हाउस स्थित अपने निजी आवास में दिल का दौरा पड़ा। जिसके बाद उन्हें उपचार के लिए जिला चिकित्सालय पौड़ी लाया गया। जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। उनके आकस्मिक निधन से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है। कोटवाल भारतीय सेना में सेवाएं देने के बाद वर्ष 1996 में सेवानिवृत्त हुए। समाज सेवा के प्रति उनका सर्मपण लगातार बना रहा। उन्होंने भाजपा से जुड़कर राजनीति में कदम रखा। वे भाजपा अनुमोर्चा, पूर्व सैनिक प्रकोष्ठ में विभिन्न पदों पर रहे। उन के निधन पर गढ़वाल सांसद, विधायक पौड़ी, पालिकाध्यक्ष पौड़ी व सामाज सेवियों ने गहरा दुख जताया है। बृजमोहन कोटवाल साल 2007 में श्रीनगर विधानसभा से विधानसभा चुनाव जीते थे।
बृजमोहन कोटवाल सामाजिक सरोकार से जुड़े कार्यों में लगातार सहभागिता निभाते रहे। कोरोना महामारी के चलते लॉकडाउन में उन्होंने अपने गृह क्षेत्र कोट ब्लॉक के विभिन्न गांवों में गरीब, जरुरतमंदों को खाद्यान किट वितरितकिए। कोटवाल अपने पीछे पत्नी, दो बेटियां व एक बेटे का भरापूरा परिवार छोड़ गए हैं। उनकी पत्नी विजय लक्ष्मी कोटवाल कन्या जूनियर हाईस्कूल बुरांसी में प्रधानाध्यापिका के पद कार्यरत हैं। कोटवाल का उनके पैतृक घाट देवप्रयाग में शुक्रवार को अंतिम संस्कार किया जाएगा। वे पत्नी, दो बेटियों व एक बेटे का भरापूरा परिवार छोड़ गए हैं। पौड़ी विधायक मुकेश कोली ने उन्हें पार्टी का कर्मठ कार्यकर्ता व जुझारु नेता बताते हुए घर पहुंच शोकाकुल परिवार को सांत्वना दी। उनके आकस्मिक निधन की खबर सुनते ही विधायक मुकेश कोली ने अपने सारे कार्यक्रम रद्द कर दिए हैं।
थानेश्वर महादेव मंदिर कमेटी के अध्यक्ष एवं युवा संगठन समिति घण्डियाल (कल्जीखाल) के मीडिया प्रभारी जगमोहन डांगी ने बताया कि पूर्व विधायक बृजमोहन कोटवाल ने थानेश्वर महादेव मंन्दिर में धर्मशाला का निर्माण करवाया था उनके आकस्मिक निधन पर क्षेत्र में शोक की लहर है। समस्त मंदिर समिति कार्यकरणी उनकी आत्मा की शांति के लिए थानेश्वर महादेव मंन्दिर से प्राथना करते है।
उत्तराखंड: रुद्रप्रयाग के डीएम मंगेश घिल्ड़ियाल सहित 16 IAS अफसरों के तबादले, यहां देखें पूरी लिस्ट
देहरादून : लॉकडाउन के बीच उत्तराखंड सरकार ने गुरुवार को बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 16 आईएएस अधिकारियों तथा 5 पीसीएस अधिकारियों के प्रभार बदल दिए हैं। अपर मुख्य सचिव राधा रतूड़ी ने सभी आईएएस के नए प्रभारों की सूची भी जारी कर दी है।
इसमें सबसे चौकाने वाला नाम रुद्रप्रयाग के डीएम मंगेश घिल्ड़ियाल का है। जिन्हें रुद्रप्रयाग से हटाकर टिहरी जिले का डीएम बनाया गया है। इसके अलावा आईएएस अरविन्द सिंह ह्यांकी को कुमाऊं मंडल का नया आयुक्त नियुक्त किया गया है। वह डॉ नीरज खैरवाल का स्थान लेंगे, जिन्हे अभी तक राजीव रौतेला के रिटायर होने के बाद से जिलाधिकारी उधम सिंह नगर के साथ साथ कुमाऊँ आयुक्त का भी अतिरिक्त प्रभार था। इसके साथ ही आईएएस नितेश कुमार झा को सचिव, चिकित्सा शिक्षा एवं चकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण के पद हटाकर इसकी जिम्मेदारी अब आईएएस अमित नेगी को दे दी गई है। वहीँ पिथौरागढ़ की मुख्य विकास अधिकारी वंदना अब जिलाधिकारी रुद्रप्रयाग होंगी। यहाँ देखें पूरी लिस्ट।













