ग्रेटर नोएडा : कोरोना वायरस के संक्रमण को रोकने के लिए यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण के अधिकारीयों एवं कर्मचारियों की टीम शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार जागरूकता अभियान चलाने के साथ-साथ राहत एवं बचाव के कार्यों में लगी हुई है। इसबीच प्राधिकरण द्वारा कोरोना से अपने कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए प्राधिकरण के गेट पर डिसिन्फेक्शन टनल लगाया गया है। इस टनल में घुसते ही पूरा शरीर सेनेटाइज हो जाएगा। खास बात यह है कि लॉकडाउन समाप्त होने के बाद भी यह टनल लगा रहेगा। इसका फायदा यह होगा कि प्राधिकरण कार्यालय में आने वाले लोग सेनेटाइज होकर ही अंदर जाएंगे। कोरोना वायरस से बचाव के लिए यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में लगातार जागरूकता अभियान चला रहा है। प्राधिकरण क्षेत्र के गांवों में नियमित रूप से सेनेटाइज कराया जा रहा है। प्राधिकरण के सीईओ डॉ. अरुणवीर सिंह ने बताया कि कोरोना वायरस से बचाव एवं राहत कार्य को सुचारु रूप से चलाने के लिए 96 गांवों को 9 जोन में बांटकर 200 से ज्यादा अधिकारियों व कर्मचारियों की ड्यूटी लगायी गयी है। सीईओ ने बताया कि कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए प्राधिकरण गेट पर डिसिन्फेक्शन टनल लगाया गया है। टनल में घुसते ही पूरा शरीर सेनेटाइज हो जाएगा। टनल से फुहारे निकलेगी।
बता दें कि ग्रेटर नोएडा विकास प्राधिकरण के एंट्री गेट पर डिसिन्फेक्शन टनल मशीन पहले ही लगायी जा चुकी है। उक्त टनल लगभग 8 मीटर लंबी है,जिसमें एक बार में 4 मीटर दूरी रखते हुए 2 व्यक्ति एक साथ टनल से गुजरते हुए सेनेटाइज करा सकते हैं। एक व्यक्ति को सामान्यत: 18 से 31 सेकंड में टनल से गुजरते हुए सेनेटाइज कराया जा सकता है। टनल में सेनेटाइजेशन हेतु मिनरल वाटर, सोडियम हाईपोक्लोराइड का प्रयोग किया जाता है। टनल में पानी की क्षमता एक हजार लीटर है।













